नरेंद्र मोदी सबसे भरोसेमंद व ईमानदार नेता

Posted On:- 2026-06-10




सुनील दास

देश की राजनीति में लोकप्रिय,महान नेता व बड़े नेता तो बहुत हुए हैं और आगे भी बहुत होंगे लेकिन नरेंद्र मोदी देश ही नहीं विश्व के सबसे लोकप्रिय, भरोसेमंद व ईमानदार नेता हैं,इस बात से देश के भीतर भारतीयों को जितना गर्व होता है, उससे ज्यादा गर्व विदेश में रहने वालों भारतीयों को होता है।उनमें जो एक ईमानदारी का गुण हैं, वह उन्हें देश ही नहीं विदेश के नेताओं के बीच भी अलग पहचान देता है। वह सबसे अलग इसलिए लगते हैं, माने जाते हैं कि वह पूरे ईमानदार हैं। पूरे ईमानदार होने के कारण उन पर लोग पूरा भरोसा करते हैं। उन पर लोग पूरा भरोसा करते हैं, इसलिए वह सबसे ज्यादा लोकप्रिय हैं। बाकी नेता अपने दूसरे गुणों के कारण लोकप्रिय होते हैं लेकिन पीएम मोदी ईमानदारी के कारण सबसे ज्यादा लोकप्रिय हैं, बाकी नेताओं की ईमानदारी पर संदेह किया जा सकता है लेकिन पीएम मोदी की ईमानदारी पर जरा भी संदेह नहीं किया जा सकता।पीएम मोदी के आचार विचार को बरसों देखने वालों को भी हैरत होती है कि कोई आदमी इतना ईमानदार कैसे हो सकता है।

देश की जनता ने देखा है कि पांच साल के लिए कोई नेता मंत्री,सीएम,विधायक,सांसद बन जाता है तो पांच साल सत्ता में रहने के कारण वह भ्रष्ट हो जाता है। उसकी संपत्ति बढ़ जाती है, उसके परिवार के लोगों की संपत्ति बढ़ जाती है, पांच साल में ही धन कमाना सबसे प्रमुख काम हो जाता है। जितने साल नेता सत्ता में रहता है उतना धन का मोह बढ़ जाता है। कई नेताओं का धन का लोभ निरंतर सत्ता में रहने के कारण बढ़ता जाता है ऐसे में पीएम मोदी को देश की जनता देखती है तो उसे लगता है देश के नेताओं को पीएम मोदी के समान ईमानदार होना चाहिए।पीएम मोदी १३ साल गुजरात के सीएम रहे तब भी उनको धन का मोह नहीं था,सीएम रहते लोग कई पीढ़ियों के लिए धन कमा लेते हैं लेकिन पीएम मोदी ने सीएम रहते, पीेएम रहते न तो अपने लिए गलत तरीके से धन कमाया और न ही उनके परिवार के लोगों को उनके सीएम,पीएम रहने का कोई फायदा उठाने दिया।वह पं. नेहरू से ज्यादा दिनों तक पीएम पद पर रहे हैं यह एक रिकार्ड बना है लेकिन लोग उनको इस रिकार्ड के लिए जितना याद करेंगे उससे ज्यादा इस बात के लिए याद करेंगे कि वह सीएम रहते जितने ईमानदार थे, पीएम रहते भी उतने ईमानदार रहे।२५ साल सत्ता में रहने के बाद उनके दामन में बेईमानी का एक दाग नहीं है।जैसे महात्मा गांधी के विषय में कहा जाता है कि सौ दो सौ साल लोगों को यकीन नहीं होगा कि इस धरा पर कोई महात्मा गांधी जैसा नेता हुआ था, उसी तरह सौ साल बाद लोगों को यकीन नहीं होगा कि नरेंद्र मोदी जैसा ईमानदार नेता भारत में हुआ था।

पीएम मोदी ने सत्ता को स्वयंसेवा या परिवार सेवा या पार्टी सेवा का माध्यम नहीं माना, उसे विशुध्द रूप से जनसेवा का माध्यम माना यही वजह है कि सीएम रहते उन्होंने एक प्रदेश में जनसेवा की तो पीएम बनने पर वह १२ सालों से देश की जनता की सेवा कर रहे हैं। देश की जनता पीएम मोदी पर भरोसा करती है कि यह आदमी सत्ता का दुरुपयोग दूसरे नेताओं की तरह नहीं करेगा,यही वजह है कि जनता उन पर भरोसा करती है और उनको देश के चुनाव में लगातार जिताती आ रही है और पीएम मोदी भी जनता के भरोसे की कसौटी पर अब तक खरे उतरे हैं।उन्होंने जनता से जो वादा किया वह पूरा किया।जनता के लिए,देश के लिए जो जरूरी लगा वह पहले किया। देश प्रथम वह कहते ही नहीं है, वह देश प्रथम के लिए वह सब करते हैं जो करना जरूरी होता है। 

देश आर्थिक रूप से मजबूत होना चाहिए तो देश को उन्होंने आर्थिक रूप से मजबूत किया है।देश सैन्य रूप से मजबूत होना चाहिए तो देश की सेना की मजबूती के लिए वह सब किया है जिससे आज देश की सेना विश्व की मजबूत सेनाओं मे से एक मानी जाती है।देश के विकास के लिए वह जितने संवेदनशील रहे है,देश की विरासत के लिए उतने ही संवेदनशील रहे हैं।देश के कई तीर्थस्थलों को जो भव्य रूप मिला है, वह पीएम मोदी की विकास के साथ विरासत का पूरा ख्याल रखने के कारण ही मिला है। वह देश के पहले ऐसे पीएम हैं जिन्होंने देश के विकास के साथ ही विरासत का भी पूरा ख्याल रखा है और जो जरूरी समझा उसे बेझिझक किया है।तीर्थस्थलों के विकास से किसी क्षेत्र का विकास कितना हो सकता है, इसे उन्होंने अयोध्या,काशी,उज्जैन में  करके दिखाया है।देश को बताया कि देश की अर्थव्यवस्था की मजबूती के लिए बड़े बड़े उद्योगों के साथ ही बडे भव्य तीर्थस्थल भी जरूरी होते हैं।

 दूसरे नेताओं व पीएम मोदी में एक अंतर यह भी देखा जा सकता है कि पीएम मोदी जो जिस काम का भूमिपूजन करते हैं, वही उस काम का शुभारंभ भी करते हैं, दूसरे नेताओं की तरह वह सिर्फ शिलान्यास नहीं करते हैं, उसे पूरा भी कराते है और वह जो काम करने की सोचते हैं, वह भव्य होता है और सबसे बड़ा होता है।भारत मंडपम,नया संसद भवन,कर्तव्य पथ, पीएम सचिवालय, बड़े पुल, बड़े टनल, सबसे ऊंचा पुल, सबसे लंबा पुल,सबसे बड़ा स्टेडियम, सबसे बड़ी मूर्ति,अयोध्या में सबसे भव्य मंदिर आदि इस बात के उदाहरण है कि पीएम मोदी ने कुछ काम ऐसे किए हैं कि उनको उस काम  के लिए सदियों याद किया जाता रहेगा।



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