ग्रामीण परिक्षेत्र के प्रथम एफएसटीपी प्लांट का हुआ शुभारंभ

Posted On:- 2026-08-12




डी-स्लजिंग वाहन को हरी झंडी दिखाकर किया गया रवाना

अम्बिकापुर (वीएनएस)।  जिला में फिकल स्लज प्रबंधन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। जिले के प्रथम फिकल स्लज प्रबंधन केंद्र (FSTP) का शुभारंभ केशवपुर में किया गया है। इसी क्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती निरुपा सिंह एवं जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी  विनय कुमार अग्रवाल ने मंगलवार को फिकल स्लज प्रबंधन इकाई केंद्र के संचालन हेतु डी-स्लजिंग वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। शुभारम्भ कार्यक्रम में अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी, उप संचालक पंचायत, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत अंबिकापुर तथा जिला व जनपद के संबंधित अमला उपस्थित रहे।

इस दौरान बताया गया कि इस प्लांट में अंबिकापुर परिक्षेत्र के 123 ग्रामों में स्थापित सैप्टिक टैंक शौचालय को खाली कराने की व्यवस्था किया गया है, साथ ही यदि आस पास के भी जनपदों से मांगध्आवेदन के आधार पर सेप्टिक टैंक खाली कराया जा सकता है। यह प्लांट पूर्णतः प्राकृतिक व वैज्ञानिक तरीके से स्लज को प्रबंधित करने का कार्य करेगा। प्रथम चरण में 50-60 हितग्राहियों के सैप्टिक टैंक खाली कराने हेतु सूची तैयार किया जा चुका है।

इस इकाई से स्थानीय स्तर पर लोगों को रोजगार मिलने, जिसके आधार पर ग्रामीणों में सामाजिक एवं आर्थिक रूप आत्मनिर्भरता आएगी। अभियान के तहत लोगों को सेप्टिक टैंक की नियमित सफाई के प्रति जागरूक किया जा रहा है।अधिकारियों के अनुसार, प्रत्येक 2-3 वर्ष के भीतर सेप्टिक टैंक की सफाई कराना आवश्यक है। इसके लिए फिकल स्लज को निर्धारित केंद्र तक पहुंचाने की व्यवस्था की गई है। 0 से 10 किलोमीटर तक डिस्लजिंग शुल्क दो हजार निर्धारित है, जबकि अधिक दूरी पर अतिरिक्त शुल्क लिया जाएगा।

फिकल स्लज के वैज्ञानिक प्रबंधन से खुले में मल-कीचड़ के निस्तारण पर रोक लगेगी और भूजल, पर्यावरण तथा जनस्वास्थ्य की सुरक्षा में मदद मिलेगी। एफएसटीपी में मल-कीचड़ को विभिन्न चरणों से गुजारकर उपचारित किया जाता है, जिससे उसका सुरक्षित निस्तारण एवं पुनरू उपयोग संभव हो सके। स्वच्छता संदेश के रूप में लोगों से अपील की गई है-“हर 3 साल में सेप्टिक टैंक की सफाई जरूर करवाएं। स्वच्छता को अपनाएं, गांव को स्वच्छ बनाएं।”



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