बेमेतरा (वीएनएस)। बेमेतरा ब्लॉक के बाबामोहतरा प्राथमिक स्वास्‍थ्‍य केंद्र में मितानिन दिवस पर आयोजित किये गए विशेष कार्यक्रम में मितानिन को उनके उत्कृष्ठ कार्यों के लिए सम्मानित किया गया। इस मौके सरपंच ने मितानिन को किये गए कार्यों की प्रशंसा की गई साथ ही मितानिन को उपहार स्वरूप श्रीफल व साड़ी देकर सम्मानित भी किया गया। ग्राम पंचायत सरपंच एवं सचिव के हाथों सम्मान पाकर मितानिन काफी खुश नजर आयीं।

मितानिन करती हैं सच्ची सेवा

ग्राम पंचायत बाबामोहतरा की सरपंच सावित्री साहू ने कहा, “मितानिन लोगों के बीच में ही रह कर एक स्वास्थ्य कार्यकर्ता के रुप में सच्ची सेवा करती हैं। इनके बेहतर प्रयासों से ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं में कई प्रकार के सुधार सुविधाएँ मिलने लगीं हैं। उन्होंने कहा, मितानिन पर दोहरी जिम्मेदारी होती है। पहले तो वह अपने घर-परिवार का भी ख्याल रखती है इसके साथ ही लोगों से सतत संपर्क बनाए रखते हुए स्वस्थ्य सेवायें भी पहुंचाती है। मितानिन की स्तनपान, टीकाकरण, गर्भवती की देखभाल, टीबी, मलेरिया, कुष्ठ, निमोनिया, दस्त आदि बीमारियों की पहचान और इलाज कराने में सहायता प्रदान की जा रही है। इसके अलावा महिलाओं के अधिकार, शराबबंदी जैसे सामाजिक विषयों में भी मितानिन काम कर रही हैं।“

मितानिनों ने कोरोना काल में कर्तव्य निभाया

बेमेतरा मितानिन कार्यक्रम ब्लॉक समन्वयक चंद्रकिशोर वासनिक ने मितानिन की भूमिका के बारे में बताते हुए कहा, “मितानिन का स्थानीय स्तर पर सीधे सेवा देना, अस्पताल और समुदाय के बीच में एक कड़ी का कार्य करना है। कोरोना काल में फ्रंट लाइन हेल्थ वर्कर के रुप में कंटेंटमेंट जोन में सर्वे से लेकर मरीजों को दवाईयां उपलब्ध कराने में मितानिन ने अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। मितानिन की वजह से ग्रामीण व पहुंच विहीन क्षेत्रों में मातृ-मृत्यु और शिशु-मृत्यु दर पर में काफी सुधार हुआ है। मितानिन ने गर्भवती महिलाओं को उनके स्वास्थ्य से जुड़े अधिकारों को प्राप्त कराने में मदद भी की जाती है जिसका मुख्य उद्देश्य मातृ-मृत्यु और शिशु-मृत्यु दर को कम करना है।“

स्वास्थ्य कार्यक्रमों को जमीन पर उतारने में मितानिन की अग्रणी भूमिका

स्वास्थ्य विभाग की सभी योजनाओं और कार्यक्रमों को जमीन पर उतारने में मितानिन की अग्रणी भूमिका रहती है बिना मितानिन के सहयोग किसी योजना सफलतापूर्वक लागू करना संभव नहीं है। इसलिए स्वास्थ्य विभाग का मानना है कि मितानिन स्वास्थ्य विभाग की रीढ़ की हड्डी है। मितानिन के बिना किसी कार्यक्रम की सफलता की कल्पना नहीं की जा सकती। मितानिन कार्यक्रम की शुरुआत 23 नवंबर 2002 को की गयी थी। मितानिन कार्यक्रम का उद्देश्य है कि सभी का स्वास्थ्य बेहतर हो सके साथ ही हर व्यक्ति तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सकें।